खेल खिलाड़ी | 29.08.2008
भारत की 112 रन से शर्मनाक हार
पांचवें और आख़िरी वनडे मैच में भारत श्रीलंका के हाथों 112 रन से हार गया है. 227 रन का पीछा करती भारतीय पारी सिर्फ़ 103 रन पर ढेर हो गई. सात बल्लेबाज़ 10 रन के अंदर आउट.
सात बल्लेबाज़ दोहरे अंक तक नहीं पहुंच पाए और तीन 20 रन के अंदर आउट हो गए. सिर्फ़ एक बल्लेबाज़ विराट कोहली ही 31 रन बना पाया. और जब बल्लेबाज़ी ऐसी होगी तो हार तो होगी ही.
कोलंबो के पांचवें और आख़िरी वनडे में श्रीलंका ने भारत को शर्मनाक तरीक़े से 112 रन से हरा दिया.
228 रन का लक्ष्य ज़्यादा बड़ा तो नहीं था लेकिन पहले बारिश और बाद में कुलासेखरा और मेंडिस ने टीम इंडिया की उम्मीदों पर पानी फेर दिया. पूरी टीम इंडिया महज़ 103 रन बनाते बनाते ढेर हो गई. बारिश होने के बाद भारत को 44 ओवर में 216 रन बनाने का लक्ष्य मिला था.
Bildunterschrift: Großansicht des Bildes mit der Bildunterschrift: कोलंबो में मिली हारतेज़ गेंदबाज़ कुलासेखरा भारत पर क़हर बन कर टूटे और उन्होंने सिर्फ़ 40 रन देकर चार विकेट चटका दिए. भारत के लिए हमेशा से परेशानी का सबब बने रहे अजंता मेंडिस ने भी बाद में चार विकेट ले लिए. दो विकेट फ़र्नांडो के खाते में गए.
भारत की शुरुआत तो ज़्यादा ख़राब नहीं रही और पहले विकेट के लिए 38 रन जोड़े गए लेकिन इसके बाद विकेटों की पतझड़ शुरू हुई तो फिर रुकी ही नहीं.
गौतम गंभीर सिर्फ़ 11 रन बना कर आउट हो गए, विराट कोहली ने 31 रन बनाए. युवराज का बुरा दौर जारी रहा और 17 रन बनाते बनाते वह भी आउट हो गए. फिर तो रैना 10, रोहित शर्मा तीन और कप्तान धोनी ने तीन रन बना कर पैवेलियन लौटने में ज़्यादा देर नहीं लगाई. आलराउंडर के तौर पर उभर रहे इरफ़ान पठान ने भी सिर्फ़ सात रन बनाए. ज़हीर ख़ान, पीपी ओझा, आरपी सिंह और मुनाफ़ पटेल- इन चारों ने मिल कर 16 रन बनाए. जीत के लिए 228 रन चाहिए
Bildunterschrift: Großansicht des Bildes mit der Bildunterschrift: भारतीय गेंदबाज़ कामयाब रहेथे लेकिन बारिश से प्रभावित खेल में भारत 103 रन पर आउट हो गया.
इसके साथ ही श्रीलंका ने एक अच्छे नोट पर सीरीज़ ख़त्म की. वह यह शृंखला भरे ही हार गया है लेकिन आख़िरी मैच में शानदार जीत के बाद उसके खिलाड़ियों का हौसला ज़रूर बढ़ा है.
इससे पहले सीरीज़ में पहली बार श्रीलंका को टॉस जीतने का मौक़ा मिला, जिसके बाद पहले बल्लेबाज़ी करने का फ़ैसला लेने में उसे ज़्यादा मुश्किल नहीं हुई. इस पूरी सीरीज़ में पहले बल्लेबाज़ी करने वाली टीम ही जीती है.
ज़हीर ख़ान ने श्रीलंका के कप्तान महेला जयवर्धने का फ़ैसला दूसरे ओवर में ही ग़लत साबित कर दिया. ख़ान ने धाकड़ बल्लेबाज़ सनत जयसूर्या को सिर्फ़ एक रन पर आउट कर दिया. श्रीलंका की पारी दबाव में आने के बाद संभल संभल कर रन बनाने लगी. 18 ओवर में 80 रन का स्कोर बुरा नहीं होता. लेकिन इसी बीच तीन विकेट जल्दी जल्दी गिरने के साथ ही मेज़बान टीम मुश्किल में है.
इरफ़ान पठान ने भारत को दूसरी सफलता दिलाई, जब ख़तरनाक होते दिख रहे वर्नपूरा को उन्होंने गौतम गंभीर के हाथों कैच आउट करा दिया. वर्नपूरा ने 44 गेंदों में चार चौकों की मदद से 30 रन बनाए. इसके बाद उदावाते भी ज़्यादा देर नहीं टिक पाए और पठान के शिकार हो गए. उन्होंने छह चौकों की मदद से 43 रन बनाए.
दूसरे विकेट की साझीदारी में 77 रन बनाने वाली श्रीलंकाई टीम जल्दी जल्दी तीन झटके लगने के बाद दबाव में आ गई है. कप्तान जयवर्धने और विकेटकीपर संगकारा ने पारी को आगे बढ़ाने की कोशिश की लेकिन संगकारा आरपी सिंह के शिकार हो गए. संगकारा ने सिर्फ़ एक रन बनाया.
पांच वनडे मैचों की शृंखला भारत पहले ही जीत चुका है. उसने पहला वनडे गंवा दिया था, लेकिन बाद के दूसरे, तीसरे और चौथे मैच में जीत हासिल करके सीरीज़ जीत ली है.

























